Meta ने पांच अमेरिकी विश्वविद्यालयों के साथ वैज्ञानिक और मेडिकल रिसर्च में AI इस्तेमाल बढ़ाने की साझेदारी की है। कंपनी ने कुल 20 लाख डॉलर की ग्रांट, नए मॉडल तक पहुंच और शोधकर्ताओं के सहयोग का वादा किया है। इसकी जानकारी 28 अक्टूबर 2026 की आधिकारिक घोषणा में दी गई है।
कौन से विश्वविद्यालय शामिल हैं?
साझेदारी में California Institute of Technology (Caltech), The Ohio State University College of Medicine, Louisiana State University, Indiana University और UTHealth Houston शामिल हैं। शोध के क्षेत्र चिकित्सा, भौतिकी, रसायन, जीवविज्ञान, कंप्यूटर साइंस और गणित तक फैले हैं।
मेडिकल रिसर्च में AI का इस्तेमाल कैसे होगा?
Louisiana State University के शोधकर्ता शिशुओं की ट्रेकियोस्टॉमी ट्यूब की स्थिति और परेशानी के संकेत पहचानने के लिए कंप्यूटर विज़न पर काम कर रहे हैं। Indiana University की परियोजना डिमेंशिया से जूझ रहे लोगों की बातचीत समझने में मल्टीमॉडल AI की उपयोगिता जांच रही है।
Ohio State University की टीम नियमित CT स्कैन, मेडिकल रिकॉर्ड और उपलब्ध ECG डेटा की मदद से कुछ तरह के हार्ट फेल्योर के जोखिम का पहले अनुमान लगाने की संभावनाएं तलाश रही है। ये अध्ययन अभी शोध के स्तर पर हैं।
क्या इससे नया इलाज तैयार हो गया?
नहीं। Meta की घोषणा रिसर्च सहयोग और वित्तीय सहायता से संबंधित है। इससे किसी AI मेडिकल टूल की नियामकीय मंजूरी या इलाज की सफलता सिद्ध नहीं होती। वैज्ञानिक परिणामों को स्वतंत्र परीक्षण और विशेषज्ञ समीक्षा की जरूरत होगी।
AI उद्योग के लिए क्या मायने हैं?
बड़ी टेक कंपनियां AI को उपभोक्ता चैटबॉट से आगे विश्वविद्यालयों और प्रयोगशालाओं तक ले जा रही हैं। ऐसे सहयोग से वैज्ञानिकों को डेटा विश्लेषण में मदद मिल सकती है, लेकिन मरीजों की गोपनीयता, शोध की स्वतंत्रता और परिणामों की पारदर्शिता पर ध्यान देना उतना ही जरूरी है।









